Category: हिंदी आलेख

हिंदी आलेख क्या होता है ?

हिंदी आलेख एक गद्य लेखन विधा है जिसे वैचारिक गद्य रचना भी कह सकते हैं, वैचारिक जहां हमारे विचारों की प्रधानता है, लेखक के नीति विचारों की प्रधानता है। आलेख निम्न विषयों पर प्रतिपादित किए जाते हैं जैसे ज्वलंत विषय, समस्याओं, अवसरों तथा चरित्र पर आलेख लिखे जाते हैं।

किसी एक विषय पर प्रधान छोटी सी संयुक्त रचना को आलेख कहते हैं जिसमें तथ्यात्मक, विश्लेषणात्मक अथवा विचारात्मक संपूर्ण जानकारी होती है, आलेख गद्य लेखन की वह विधा है जिसमें लेखक अपनी बातों को स्वतंत्रता पूर्वक दुनिया के सामने बयां कर सकता हैं।

आलेख लेखन के मुख्य अंग निम्न प्रकार है

आलेख में मुख्य रूप से दो अंग प्रयुक्त होते हैं प्रथम अंग है भूमिका तथा इसका द्वितीय व महत्वपूर्ण अंग है विषय का प्रतिपादन । भूमिका के अंतर्गत शीर्षक का अनुरूपण किया जाता है जिसमें भूमिका के अनुरूप छोटे लिखने की बात कही जाती है तथा विषय के प्रतिपादन में विषय का क्रमिक विकास तारतम्यता और क्रमबद्धता का ध्यान रखा जाता है तथा अंत में तुलनात्मक विश्लेषण करके निष्कर्ष निकाला जाता है ।

आलेख लिखने हेतु महत्वपूर्ण बाते

सर्वप्रथम आलेख लिखने से पहले अध्ययन, शोध कार्य, चिंतन-मनन और विश्लेषण होना अति आवश्यक है तथा उसके बाद आलेख की शुरुआत करनी चाहिए तथा ध्यान देने हेतु बात यह है कि आलेख का प्रकार संक्षिप्त होना चाहिए इसे हम निबंध का संक्षिप्त रूप भी कह सकते हैं, आलेख और निबंध में यही अंतर होता है कि आलेख में निजी विचार होते हैं तथा निबंध में ऐसा नहीं होता ।

तीसरी ध्यान रखने बात यह है कि विषय वस्तु से संबंधित आंकड़े या भ्रमण हेतु उदाहरण कहीं से नोट कर लें और आलेख लिखते समय उन्हें सही स्थान दें और इसमें वैचारिक और तकनीकी युक्त कौशल भाषा जिसमें विचारों और तथ्यों की स्पष्टता रहती है।

यह विचार श्रृंखलाबद्ध होने चाहिए और आलेख की भाषा सरल समझ में आ सकने वाली रोचक और आकर्षक होनी चाहिए वाक्य छोटे हो एक परिच्छेद में एक भाव व्यक्त हो, अंत में ध्यान रखने योग्य बात यह है कि आलेख का समाप्ति अंश निष्कर्ष परक होना चाहिए इन बातों का ध्यान रखते हुए आलेख की रचना होनी चाहिए।

आलेख गंभीर अध्ययन पर आधारित प्रामाणिक रचना होती है। आलेख एक विषय पर तथ्यात्मक विश्लेषणात्मक अथवा विचारात्मक जानकारी होती है कल्पना का स्थान नहीं होता है।

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